सुलतानपुर-दीवानी न्यायालय सुल्तानपुर में एडीजे कोर्ट ने मारपीट के मामले में 4 आरोपियों को 7 साल की कैद के साथ अर्थदंड की सजा सुनाया है। दो आरोपियों को कोर्ट ने बाइज्जत बरी कर दिया है। ये जानकारी सहायक शासकीय अधिवक्ता विजय शंकर शुक्ल ने दी है।जानकारी के अनुसार घटना जिले के हलियापुर थानाक्षेत्र से जुड़ी है। साल 2011 में 24 दिसंबर को कस्बा निवासी प्रधान पति प्रभात सिंह ने केस दर्ज कराया था। उस समय उनकी पत्नी किरन सिंह प्रधान थी।
आरोप लगा था कि घटना के दिन 3 बजे पूर्ति निरीक्षक एपी सिंह प्राइमरी स्कूल में वितरण की जांच कर रहे थे। इसी समय लाठी-डंडे व चाकू से लैस नंद प्रताप,राजेंद्र,नागेंद्र प्रताप,नितिन,रणविजय सिंह व धनंजय सिंह ने मार पीट किया। कोर्ट में मुकदमें के दौरान 7 गवाह पेश किये गये।साक्ष्यों व चोटों की गंभीरता को देखते हुये जज अभय श्रीवास्तव ने रणविजय व धनंजय को बाइज्जत बरी कर दिया।
अन्य को कोर्ट ने दोषी करार देते हुये सात साल कैद के साथ साढ़े आठ हजार रुपये अर्थदंड लगाकर जेल भेजा है। इसी क्रम में नागेंद्र की ओर से मारपीट का क्रास केस लिखाया गया था। जिसमें आरोपी प्रभात सिंह इंद्रबहादुर रामधीरज, चंद्रभान व चंद्रदेव सिंह पर मुकदमा कायम हुआ था। इसमें सभी को एक-एक साल कैद व एक-एक हजार रुपये की सजा हुई। ये सभी अपील दायर करने तक जमानत पर रिहा किये गये हैं।
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