पढ़िए आज का राशिफल और पंचांग, 17 फरवरी 2023

Rj news

नीरजपाराशर आचारय:
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*** जय श्री राधे ***
?? *महर्षि पाराशर पंचांग* ??
??? *अथ पंचांगम्* ???
***ll जय श्री राधे ll***
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*दिनाँक:-17/02/2023,शुक्रवार*
द्वादशी, कृष्ण पक्ष,
फाल्गुन
“”””””””””””””””””””””””””””””””””””””””(समाप्ति काल )

तिथि———- द्वादशी 23:35:33 तक
पक्ष————————- कृष्ण
नक्षत्र——–पूर्वाषाढा 20:27:19
योग———— सिद्वि 23:42:56
करण———– कौलव 13:15:22
करण———– तैतुल 23:35:33
वार———————- शुक्रवार
माह——————— फाल्गुन
चन्द्र राशि——— धनु 25:47:21
चन्द्र राशि——————–मकर
सूर्य राशि——————- कुम्भ
रितु————————- वसंत
आयन—————— उत्तरायण
संवत्सर——————- शुभकृत
संवत्सर (उत्तर)——————- नल
विक्रम संवत—————- 2079
गुजराती संवत————- 2079
शक संवत—————– 1944

वृन्दावन
सूर्योदय————— 06:56:23
सूर्यास्त————— 18:10:23
दिन काल————- 11:14:00
रात्री काल————- 12:45:09
चंद्रास्त—————- 14:46:45
चंद्रोदय————— 29:24:45

लग्न—- कुम्भ 3°56′ , 303°56′

सूर्य नक्षत्र—————— धनिष्ठा
चन्द्र नक्षत्र—————- पूर्वाषाढा
नक्षत्र पाया——————– ताम्र

*??? पद, चरण ???*

धा—- पूर्वाषाढा 09:42:56

फा—- पूर्वाषाढा 15:05:53

ढा—- पूर्वाषाढा 20:27:19

भे—- उत्तराषाढा 25:47:21

*??? ग्रह गोचर ???*

ग्रह =राशी , अंश ,नक्षत्र, पद
==========================
सूर्य=कुम्भ 03 : 29 धनिष्ठा , 4 गे
चन्द्र =धनु 18°:23, पूo षाo , 2 धा
बुध =मकर 13 °: 34′ श्रवण’ 2 खू
शुक्र=मीन 01 °05, पू o भा o ‘ 4 दी
मंगल=वृषभ 20°30 ‘ रोहिणी’ 4 वू
गुरु=मीन 14°30 ‘ उ o भा o, 4 ञ
शनि=कुम्भ 03°43 ‘ धनिष्ठा ‘ 3 गु
राहू=(व) मेष 13°40 भरणी , 1 ली
केतु=(व) तुला 13°40 स्वाति , 3 रो

*?? शुभा$शुभ मुहूर्त ??*

राहू काल 11:09 – 12:33 अशुभ
यम घंटा 15:22 – 16:46 अशुभ
गुली काल 08:21 – 09:45 अशुभ
अभिजित 12:11 – 12:56 शुभ
दूर मुहूर्त 09:11 – 09:56 अशुभ
दूर मुहूर्त 12:56 – 13:41 अशुभ
वर्ज्यम 07:33 – 08:59 अशुभ

?चोघडिया, दिन
चर 06:56 – 08:21 शुभ
लाभ 08:21 – 09:45 शुभ
अमृत 09:45 – 11:09 शुभ
काल 11:09 – 12:33 अशुभ
शुभ 12:33 – 13:58 शुभ
रोग 13:58 – 15:22 अशुभ
उद्वेग 15:22 – 16:46 अशुभ
चर 16:46 – 18:10 शुभ

?चोघडिया, रात
रोग 18:10 – 19:46 अशुभ
काल 19:46 – 21:22 अशुभ
लाभ 21:22 – 22:57 शुभ
उद्वेग 22:57 – 24:33* अशुभ
शुभ 24:33* – 26:09* शुभ
अमृत 26:09* – 27:44* शुभ
चर 27:44* – 29:20* शुभ
रोग 29:20* – 30:56* अशुभ

?होरा, दिन
शुक्र 06:56 – 07:53
बुध 07:53 – 08:49
चन्द्र 08:49 – 09:45
शनि 09:45 – 10:41
बृहस्पति 10:41 – 11:37
मंगल 11:37 – 12:33
सूर्य 12:33 – 13:30
शुक्र 13:30 – 14:26
बुध 14:26 – 15:22
चन्द्र 15:22 – 16:18
शनि 16:18 – 17:14
बृहस्पति 17:14 – 18:10

?होरा, रात
मंगल 18:10 – 19:14
सूर्य 19:14 – 20:18
शुक्र 20:18 – 21:22
बुध 21:22 – 22:25
चन्द्र 22:25 – 23:29
शनि 23:29 – 24:33
बृहस्पति 24:33* – 25:37
मंगल 25:37* – 26:40
सूर्य 26:40* – 27:44
शुक्र 27:44* – 28:48
बुध 28:48* – 29:52
चन्द्र 29:52* – 30:56

*?विभिन्न शहरों का रेखांतर (समय)संस्कार*

(लगभग-वास्तविक समय के समीप)
दिल्ली +10मिनट——— जोधपुर -6 मिनट
जयपुर +5 मिनट—— अहमदाबाद-8 मिनट
कोटा +5 मिनट———— मुंबई-7 मिनट
लखनऊ +25 मिनट——–बीकानेर-5 मिनट
कोलकाता +54—–जैसलमेर -15 मिनट

*नोट*– दिन और रात्रि के चौघड़िया का आरंभ क्रमशः सूर्योदय और सूर्यास्त से होता है।
प्रत्येक चौघड़िए की अवधि डेढ़ घंटा होती है।
चर में चक्र चलाइये , उद्वेगे थलगार ।
शुभ में स्त्री श्रृंगार करे,लाभ में करो व्यापार ॥
रोग में रोगी स्नान करे ,काल करो भण्डार ।
अमृत में काम सभी करो , सहाय करो कर्तार ॥
अर्थात- चर में वाहन,मशीन आदि कार्य करें ।
उद्वेग में भूमि सम्बंधित एवं स्थायी कार्य करें ।
शुभ में स्त्री श्रृंगार ,सगाई व चूड़ा पहनना आदि कार्य करें ।
लाभ में व्यापार करें ।
रोग में जब रोगी रोग मुक्त हो जाय तो स्नान करें ।
काल में धन संग्रह करने पर धन वृद्धि होती है ।
अमृत में सभी शुभ कार्य करें ।

*?दिशा शूल ज्ञान————-पश्चिम*
परिहार-: आवश्यकतानुसार यदि यात्रा करनी हो तो घी अथवा काजू खाके यात्रा कर सकते है l
इस मंत्र का उच्चारण करें-:
*शीघ्र गौतम गच्छत्वं ग्रामेषु नगरेषु च l*
*भोजनं वसनं यानं मार्गं मे परिकल्पय: ll*

*? अग्नि वास ज्ञान -:*
*यात्रा विवाह व्रत गोचरेषु,*
*चोलोपनिताद्यखिलव्रतेषु ।*
*दुर्गाविधानेषु सुत प्रसूतौ,*
*नैवाग्नि चक्रं परिचिन्तनियं ।।* *महारुद्र व्रतेSमायां ग्रसतेन्द्वर्कास्त राहुणाम्*
*नित्यनैमित्यके कार्ये अग्निचक्रं न दर्शायेत् ।।*

15 + 12 + 6 + 1 = 34 ÷ 4 = 2 शेष
आकाश लोक पर अग्नि वास हवन के लिए अशुभ कारक है l

*?? ग्रह मुख आहुति ज्ञान ??*

सूर्य नक्षत्र से अगले 3 नक्षत्र गणना के आधार पर क्रमानुसार सूर्य , बुध , शुक्र , शनि , चन्द्र , मंगल , गुरु , राहु केतु आहुति जानें । शुभ ग्रह की आहुति हवनादि कृत्य शुभपद होता है

केतु ग्रह मुखहुति

*? शिव वास एवं फल -:*

27 + 27 + 5 = 59 ÷ 7 = 3 शेष

वृषभा रूढ़ = शुभ कारक

*?भद्रा वास एवं फल -:*

*स्वर्गे भद्रा धनं धान्यं ,पाताले च धनागम:।*
*मृत्युलोके यदा भद्रा सर्वकार्य विनाशिनी।।*

*?? विशेष जानकारी ??*

*विजया एकादशी व्रत (वैष्णव)

*मानसरोवर मेला ,श्रीराधाबल्लभ जी

* वंजुली महाद्वदाशी

*??? शुभ विचार ???*

वृध्द्काले मृता भार्या बन्धुहस्ते गतं धनम् ।
भाजनं च पराधीनं स्त्रिः पुँसां विडम्बनाः ।।
।। चा o नी o।।

वह आदमी अभागा है जो अपने बुढ़ापे में पत्नी की मृत्यु देखता है. वह भी अभागा है जो अपनी सम्पदा संबंधियों को सौप देता है. वह भी अभागा है जो खाने के लिए दुसरो पर निर्भर है.

*??? सुभाषितानि ???*

गीता -: राजविद्याराजगुह्य योग अo-09

गतिर्भर्ता प्रभुः साक्षी निवासः शरणं सुहृत्‌ ।,
प्रभवः प्रलयः स्थानं निधानं बीजमव्ययम्‌॥,

प्राप्त होने योग्य परम धाम, भरण-पोषण करने वाला, सबका स्वामी, शुभाशुभ का देखने वाला, सबका वासस्थान, शरण लेने योग्य, प्रत्युपकार न चाहकर हित करने वाला, सबकी उत्पत्ति-प्रलय का हेतु, स्थिति का आधार, निधान (प्रलयकाल में संपूर्ण भूत सूक्ष्म रूप से जिसमें लय होते हैं उसका नाम ‘निधान’ है) और अविनाशी कारण भी मैं ही हूँ॥,18॥,

*?? दैनिक राशिफल ??*

देशे ग्रामे गृहे युद्धे सेवायां व्यवहारके।
नामराशेः प्रधानत्वं जन्मराशिं न चिन्तयेत्।।
विवाहे सर्वमाङ्गल्ये यात्रायां ग्रहगोचरे।
जन्मराशेः प्रधानत्वं नामराशिं न चिन्तयेत ।।

?मेष
राजमान व यश में वृद्धि होगी। किसी प्रभावशाली व्यक्ति से परिचय होगा। सामाजिक कार्य करने की इच्छा रहेगी। प्रतिष्ठा बढ़ेगी। काफी समय से लंबित कार्यों में गति आएगी। लाभ के अवसर बढ़ेंगे। कारोबारी नए अनुबंध हो सकते हैं। नौकरी में प्रभाव बढ़ेगा। प्रसन्नता बनी रहेगी।

?वृष
विवेक से कार्य करें। सुख के साधन जुटेंगे। पूजा-पाठ में मन लगेगा। कोर्ट व कचहरी के कार्य मनोनुकूल रहेंगे। आय के नए साधन प्राप्त हो सकते हैं। नौकरी में सहकर्मी विशेषकर महिला वर्ग से लाभ होगा। व्यापार-व्यवसाय लाभप्रद रहेगा। किसी बात का विरोध हो सकता है। कष्ट व भय बने रहेंगे।

?मिथुन
शत्रु कोई बड़ा नुकसान पहुंचा सकते हैं। वाहन व मशीनरी के कार्यों में सावधानी रखें। पुराना रोग उभर सकता है। किसी व्यक्ति विशेष से कहासुनी हो सकती है। वाणी पर नियंत्रण रखें। समय पर किसी कार्य का भुगतान नहीं कर पाएंगे। व्यापार-व्यवसाय साधारण रहेगा।

?कर्क
कोर्ट व कचहरी के काम मनोनुकूल रहेंगे। जीवनसाथी से सहयोग प्राप्त होगा। नौकरी में मातहतों का साथ रहेगा। व्यापार-व्यवसाय लाभदायक रहेगा। अज्ञात भय रहेगा। लाभ के अवसर हाथ आएंगे। प्रसन्नता रहेगी। दुष्टजनों से सावधान रहें। शारीरिक कष्ट से बाधा तथा हानि संभव है। बेचैनी रहेगी।

?सिंह
विद्यार्थी वर्ग सफलता हासिल करेगा। शत्रु पस्त होंगे। उनकी एक नहीं चलेगी। किसी मांगलिक-आनंदोत्सव में भाग लेने का अवसर प्राप्त होगा। यात्रा मनोरंजक रहेगी। मनपसंद भोजन का आनंद प्राप्त होगा। हल्की हंसी-मजाक से बचें। कार्यक्षेत्र में उत्साह व प्रसन्नता बनी रहेगी।

?‍♀️कन्या
स्वास्थ्य का पाया कमजोर रहेगा। कीमती वस्तुएं संभालकर रखें। व्यावसायिक यात्रा सफल रहेगी। बकाया वसूली के प्रयास सफल रहेंगे। लाभ के अवसर हाथ आएंगे। सुख के साधन जुटेंगे। व्यापार-व्यवसाय मनोनुकूल लाभ देंगे। निवेशादि शुभ रहेंगे। उत्साह में वृद्धि होगी।

⚖️तुला
भूमि व भवन संबंधी कार्य मनोनुकूल लाभ देंगे। आय के नए स्रोत प्राप्त हो सकते हैं। रोजगार में वृद्धि होगी। कारोबार में वृद्धि होगी। यात्रा संभव है। शत्रु सक्रिय रहेंगे। सावधानी आवश्यक है। घर-परिवार की चिंता रहेगी। चोट व रोग से बचें। कष्ट संभव है। लेन-देन में जल्दबाजी न करे।

?वृश्चिक
परिवार के छोटे सदस्यों की अध्ययन तथा स्वास्‍थ्य संबंधी चिंता रहेगी। विवाद से क्लेश संभव है। दूर से दु:खद समाचार मिल सकता है। पुराना रोग उभर सकता है। भागदौड़ अधिक होगी। लाभ में कमी रहेगी। उत्साह की कमी महसूस करेंगे। व्यापार ठीक चलेगा।

?धनु
वै‍वाहिक प्रस्ताव विवाह के उम्मीदवारों का इंतजार कर रहा है। शुभ समाचार प्राप्त होंगे। अनहोनी की आशंका रह सकती है। व्यावसायिक यात्रा सफल रहेगी। अप्रत्याशित लाभ हो सकता है। बेरोजगारी दूर करने के प्रयास सफल रहेंगे। आय में वृद्धि होगी। प्रसन्नता बनी रहेगी।

?मकर
राजभय रहेगा। जल्दबाजी व लापरवाही न करें। विवाद को बढ़ावा न दें। अप्रत्याशित खर्च सामने आएंगे। कर्ज लेना पड़ सकता है। चिंता तथा तनाव बने रहेंगे। कुसंगति से बचें। हानि होगी। कोई भी महत्वपूर्ण निर्णय सोच-समझकर करें। व्यापार-व्यवसाय की गति धीमी रहेगी।

?कुंभ
सामाजिक कार्य करने का मन बनेगा। थोड़े प्रयास से ही रुके काम बनेंगे। पराक्रम व प्रतिष्ठा में वृद्धि होगी। उत्साह व प्रसन्नता से कार्य कर पाएंगे। धन प्राप्ति सुगम होगी। कारोबार में वृद्धि होगी। नौकरी में कार्य की प्रशंसा होगी। अधिकारी वर्ग प्रसन्न रहेगा। निवेश शुभ रहेगा। थकान व कमजोरी रह सकती है।

?मीन
सुख के साधनों पर बड़ा खर्च हो सकता है। लेन-देन में सावधानी रखें। अज्ञात भय रहेगा। चिंता तथा तनाव रहेंगे। भूले-बिसरे साथियों से मुलाकात होगी। शुभ समाचारों की प्राप्ति से प्रसन्नता रहेगी। आत्मविश्वास में वृद्धि होगी। कोई बड़ा काम करने की इच्छा प्रबल होगी।

?आपका दिन मंगलमय हो?
?????????
*आचार्य नीरज पाराशर (वृन्दावन)*
(व्याकरण,ज्योतिष,एवं पुराणाचार्य)
09897565893,09412618599

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